राज्य शासन ने तहसीलदार से राज्य प्रशासनिक सेवा डिप्टी कलेक्टर के पदों पर पदोन्नति के लिए बढ़ाया कोटा
रायपुर। छत्तीसगढ़ में प्रशासनिक पदों में भर्ती को लेकर सरकार ने बड़ा फैसला लिया है। कनिष्ठ प्रशासनिक सेवा के पदों नायब तहसीलदार-तहसीलदार से राज्य प्रशासनिक सेवा डिप्टी कलेक्टर के पदों पर पदोन्नति के लिए कोटा बढ़ाया गया है। इस निर्णय के साथ ही प्रदेश के कनिष्ठ प्रशासनिक अफसरों की पुरानी और लम्बी मांग भी पूरी हो गई है। गणेश प्रशासनिक सेवा संघ ने इसके लिए राज्य सरकार का आभार जताया है।
क्या है निर्णय?
दरअसल सरकार ने साफ़ कर दिया है कि, डिप्टी कलेक्टरों की भर्ती 50 प्रतिशत सीधे तरीके से जबकि शेष 50 फ़ीसदी प्रमोशन के आधार पर भरे जायेंगे। इसका सीधा फायदा प्रदेश के तहसीलदारों को मिलेगा। सरकार ने इस फैसले का राजपत्र में प्रकाशन भी कर दिया है।
नियम बदलने पर हुआ था विरोध
गौरतलब है कि, पूर्व में यह अनुपात 60:40 का था यानी प्रमोशन से 60 प्रतिशत जबकि शेष 40 फ़ीसदी की भर्ती सीधे परीक्षा के माध्यम से भरा जाता था। (Chhattisgarh Deputy Collector Post) लेकिन सरकार ने इसमें बदलाव करते हुए अनुपात 40:60 कर दिया था। सरकार के इस फैसले का कनिष्ठ प्रशासनिक अफसरों ने विरोध भी किया था। हालांकि नए फैसले से अब तहसीलदारों के पास डिप्टी कलेक्टर बनने के ज्यादा मौके होंगे। बता दें 2020 से पूर्व भी यह प्रतिशत 50% ही था, जिसे घटाकर 40% कर दिया गया था।



